CTET 2023 गणित हल प्रश्न पत्र (पेपर 1): इंटरैक्टिव क्विज़ | Maths Solved Paper
CTET 2023 हल प्रश्न पत्र: गणित (Paper I, Set A)
परिचय
नमस्कार दोस्तों, M.S.WORLD The WORLD of HOPE में आपका स्वागत है।
इस लेख में हम केन्द्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा (CTET) 2023 के प्रश्न पत्र (पेपर I, सेट A) में से भाग II: गणित (Mathematics) के सभी 30 प्रश्नों पर आधारित एक इंटरैक्टिव क्विज़ प्रस्तुत कर रहे हैं। यह पोस्ट आपको गणित के कंटेंट और पेडागॉजी (शिक्षण शास्त्र) से जुड़े प्रश्नों को समझने और अभ्यास करने में मदद करेगा।
क्विज़: CTET गणित (प्रश्न 31-60)
A. यह बच्चे को सृजनात्मक बनने में सहायता करता है।
B. यह बच्चे की कल्पना को पोषित करने में सहायता करता है।
C. यह निगमनात्मक विवेचन (तर्क) पर आधारित है।
D. यह हमेशा अभिसारी होता है।
व्याख्या: गणित रचनात्मकता और कल्पना को बढ़ावा देता है और यह निगमनात्मक तर्क पर आधारित है। हालांकि, यह हमेशा अभिसारी (convergent) नहीं होता; इसमें अपसारी (divergent) चिंतन की भी गुंजाइश होती है, इसलिए D गलत है।
व्याख्या: केवल परीक्षा में अंक लाने वाले की प्रशंसा करना अभिरुचि को बढ़ावा नहीं देता, बल्कि प्रतिस्पर्धा और चिंता को बढ़ाता है। अन्य सभी विकल्प रचनात्मक और खोजपूर्ण हैं।
व्याख्या: त्रुटियों को अनदेखा करना सही नहीं है। त्रुटियाँ सीखने की प्रक्रिया का हिस्सा हैं और शिक्षकों को यह समझने में मदद करती हैं कि बच्चा कहाँ गलती कर रहा है, ताकि उसे सुधारा जा सके।
व्याख्या: मानक-संदर्भित आकलन (Norm-referenced) तुलना करने के लिए होता है, जबकि मानदंड-संदर्भित आकलन (Criterion-referenced) नैदानिक और उपचारात्मक शिक्षण के लिए अधिक उपयोगी होता है।
A. सूत्र के प्रदर्शन में शिक्षकों की मदद करती है।
B. स्वतः अधिगम में विद्यार्थियों की मदद करती है।
C. निर्देश देने में शिक्षकों की मदद करती है।
D. कक्षा में अधिगम वातावरण का निर्माण करने में मदद करती है।
व्याख्या: गणितीय अधिगम सामग्री (जैसे ब्लॉक्स, ग्रिड्स) विद्यार्थियों को स्वयं करके सीखने (B) और कक्षा में एक आकर्षक सीखने का माहौल बनाने (D) में सबसे अधिक मदद करती है।
व्याख्या: NEP 2020 प्रतिभा को बढ़ावा देने के लिए ओलिंपियाड और प्रतियोगिताओं को मजबूत (strengthened) करने पर जोर देती है।
व्याख्या: ये अवधारणाएँ बच्चों में संख्यात्मक समझ विकसित होने से पहले तुलना और संबंध बनाने की बुनियादी समझ विकसित करती हैं।
व्याख्या: यह समस्या गणित की प्रकृति या लड़कियों की क्षमता में कमी के कारण नहीं, बल्कि समाज में प्रचलित लिंग-आधारित रूढ़ियों और धारणाओं के कारण है।
व्याख्या: गणित की अमूर्त (abstract) प्रकृति (जैसे संख्याएं, प्रतीक) इसे अन्य विषयों की तुलना में बच्चों के लिए अधिक कठिन बना सकती है, जो भय का कारण बनती है।
व्याख्या: आर्यभट्ट एक महान भारतीय गणितज्ञ और खगोलशास्त्री थे जिन्होंने 'आर्यभटीय' ग्रंथ की रचना की और खगोल विज्ञान में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
A. यह गणितीय कौशल अस्पष्ट है।
B. यह कौशल कक्षा में गणितीय प्रश्नों को हल करने के लिए लाभदायक नहीं है।
C. ऐसे कौशल गणितीय प्रश्नों को हल करने के वैकल्पिक तरीकों को विकसित करने में सहायक होते हैं।
व्याख्या: यह कौशल अस्पष्ट नहीं है (A गलत है) और यह समस्या-समाधान के वैकल्पिक तरीके विकसित करने में सहायक है (C सही है)। यह कक्षा में लाभदायक हो सकता है (B गलत है)।
व्याख्या: ज्ञान का निर्माण तब होता है जब बच्चे स्वयं करके सीखते हैं और खोज करते हैं। विकल्प (C) में बच्चे सक्रिय रूप से पैटर्न की खोज कर रहे हैं।
व्याख्या: प्राथमिक स्तर पर, भिन्न डिस्क (Fraction Discs) जैसी मूर्त सामग्री का उपयोग करने से बच्चों को भिन्नों की तुल्यता को देखने और समझने में मदद मिलती है।
व्याख्या: रोल प्ले का मुख्य उद्देश्य बच्चों को किसी स्थिति में रखकर उनके विचारों को बाहर निकालना और अवधारणाओं को वास्तविक जीवन से जोड़ना है।
व्याख्या: सबिटाइज़िंग का अर्थ है बिना गिने तुरंत छोटी संख्या में वस्तुओं को पहचान लेना, जैसे पासे पर डॉट्स को देखकर संख्या बताना।
व्याख्या: कुल भार = 4800g + 2500g + 3500g = 10800g। तीन दर्जन = 36 पैकेट। प्रत्येक पैकेट का भार = 10800 / 36 = 300g।
व्याख्या: मूल क्षेत्रफल = 5x5 = 25 cm²। नई भुजा = 10 cm। नया क्षेत्रफल = 10x10 = 100 cm²। नया क्षेत्रफल पुराने का 100/25 = 4 गुना है।
व्याख्या: वृत्त, अर्ध-वृत्त और त्रिभुज द्वि-आयामी (2D) आकृतियाँ हैं। घन, घनाभ, गोला और बेलन सभी त्रि-आयामी (3D) हैं।
व्याख्या: संगीता के पास कुल राशि = ₹5 + (2x₹1) + (5x₹0.50) = 5 + 2 + 2.50 = ₹9.50। आवश्यक धनराशि = ₹10 - ₹9.50 = ₹0.50।
व्याख्या: दशमलव में बदलने पर: 1/4 = 0.25, 1/3 ≈ 0.33, 1/2 = 0.50। इसलिए सही बढ़ता क्रम 1/4, 1/3, 1/2 है।
व्याख्या: पैटर्न में अंतर बढ़ता जा रहा है: +5, +9, +13, +17, +21, +25। 15 में 13 जोड़ने पर 28 आता है।
व्याख्या: सबसे अधिक O (12 विद्यार्थी) और सबसे कम AB (3 विद्यार्थी) हैं। अनुपात = 12:3 = 4:1।
व्याख्या: पतंग के सम्मुख कोण बराबर होने पर भी वह आयत बन जाए, यह आवश्यक नहीं है। आयत के लिए सभी कोणों का 90 डिग्री होना आवश्यक है।
व्याख्या: 36 के गुणनखंड जोड़े बनाने होंगे: (1x36), (2x18), (3x12), (4x9), (6x6)। कुल 5 प्रकार के आयत बनेंगे।
व्याख्या: 16:50 से 21:15 तक का समय। 21:15 को (20:75) लिख सकते हैं। 20:75 - 16:50 = 4 घंटे 25 मिनट।
व्याख्या: मान लीजिए संख्या x है। तो (100+x) + (100-x) = 100 + x + 100 - x = 200।
व्याख्या: एक लाख = 100,000। एक सौ लाख = 100 x 100,000 = 10,000,000, जो एक करोड़ के बराबर है।
व्याख्या: अवरोही क्रम का अर्थ है बड़े से छोटा। दी गई संख्याओं का सही अवरोही क्रम विकल्प (A) में है।
व्याख्या: 9 से विभाज्यता का नियम है कि संख्या के अंकों का योग 9 से विभाजित होना चाहिए। 3+6+3+0 = 12, जो 9 से विभाजित नहीं है।
व्याख्या: जब पदों की संख्या विषम होती है (जैसे 1, 3, 5...), तो श्रृंखला हमेशा +5 पर समाप्त होती है। प्रत्येक (+5 -5) जोड़ा शून्य हो जाता है, और अंत में केवल एक +5 बचता है।
आपके परिणाम
आपका स्कोर: 0 / 30
गणित शिक्षण से संबंधित अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
प्रश्न 1: CTET पेपर I में गणित का स्तर क्या होता है?
CTET पेपर I में गणित के 30 प्रश्न होते हैं, जिनमें से 15 प्रश्न कंटेंट (संख्या प्रणाली, ज्यामिति, माप, भिन्न आदि) पर और 15 प्रश्न पेडागॉजी (शिक्षण शास्त्र) पर आधारित होते हैं। इसका स्तर कक्षा 1 से 5 तक के पाठ्यक्रम और उनकी शिक्षण विधियों पर केंद्रित होता है।
प्रश्न 2: CTET गणित पेडागॉजी के लिए कौन से टॉपिक्स सबसे महत्वपूर्ण हैं?
गणित पेडागॉजी के लिए NCF 2005, गणित की प्रकृति, मूल्यांकन, नैदानिक व उपचारात्मक शिक्षण, और शिक्षण की समस्याएं जैसे टॉपिक्स बहुत महत्वपूर्ण हैं।
निष्कर्ष
हमें उम्मीद है कि CTET 2023 के गणित खंड का यह इंटरैक्टिव क्विज़ आपकी तैयारी को और बेहतर बनाने में मदद करेगा। इन प्रश्नों का नियमित अभ्यास आपको परीक्षा के पैटर्न और समय प्रबंधन में निपुण बनाएगा।
आपकी सफलता की कामनाओं के साथ,
M S WORLD - The World of HOPE 😊
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